Saurabh
"कल पूरी रात सो नहीं पाई। लोगों की बातें disturb करती हैं। रात भाई ने बताया, कि कल सुबह सुबह ही उसके office में एक बन्दे ने उससे बोला कि तुम लोगों को चले जाना चाहिए यहाँ से। रात भर सोचती रही, कि कहाँ चले जाना चाहिए हमें अपना मुल्क छोड़ कर।

परसों, मेरी बुआ के घर के पीछे वाली मस्जिद में तोड़ फोड़ की। पुलिस ने FIR नहीं लिखी, कि सब ठीक है। वो भी शायद बंबई जाने को बोल रही हैं फ़िलहाल, उनका एक घर है वहाँ।"

मैं उसे कुछ ना बोल पाया। क्या जवाब दूँ उसे? बस उसकी आप बीती आप को बता रहा हूँ। Muslims in India, particularly in Delhi, are going through tremendous trauma. Reach out to your friends, colleagues, neighbours. Reassure them. Tell them that it is going to be OK. Believe that it is going to be OK. Work towards making it OK.